Close
All City Editions
Close
Close

You have limited access to jagran epaper
on your device.

More from Front Page

  • पंजाब में खेतों में जा गिरा मिग-29, पायलट सुरक्षित
  • हिमाचल में लुभा रही निर्मल नदियों की सुखद कल-कलशिमला : पहाड़ी क्षेत्रों से बहने वाली नदियां मैदानों में भी खुल के सांस लेने लगी हैं। इनमें घुल्य ऑक्सीजन की मात्र बढ़ गई है, प्रदूषण बहुत कम हो गया है। ’पेज 11
  • पूर्वी चंपारण में एक, दरभंगा में चार समस्तीपुर में छह नए संक्रमित मिले
  • हरिद्वार में गंगा में अस्थि विसर्जन की सशर्त अनुमति
  • बछिया के जन्म की प्रयोगस्थली बनेगा माधोपुर कृषि विज्ञान केंद्र
  • मधुबनी की महिला की मुंबई में कोरोना से हुई मौत
  • सीबीएसई की लंबित परीक्षाएं एक जुलाई से जल्द आएगा शेड्यूल
  • पिपरासी के लोगों को उत्तर प्रदेश के चैती घाट जाने से रोका, बढ़ा विवाद
  • ट्रेन से कटकर मध्यप्रदेश के 16 मजदूरों की मौत
  • जागरण फिर बना देश का नं. 1 अखबार
  • उत्तर बिहार में तेजी से बढ़ रहा कोरोना का संक्रमण, स्वास्थ्य महकमा सतर्क
  • कैलास मानसरोवर यात्र हुई आसान
  • संक्रमितों में चार रोसड़ा व दो हसनपुर के
  • कोरोना मरीजों का रिकवरी रेट तीस फीसद तक पहुंचा
  • भारत बड़ी बेरोजगारी के मुहाने पर खड़ा
  • संख्या के अनुपात में रसोई बढ़ाएं: नीतीश

More from Front Page

  • धान की सीधी बोआई से श्रम और समय की बचत, खर्च में भी राहत
  • चिंता न करें, अन्य बीमारियों की तरह ही थम जाएगा कोरोना
    ...
  • तेज बुखार व हाई शुगर से पीड़ित बच्चे की मौत
    ...
  • सुपौल में पूर्व पैक्स अध्यक्ष पर जानलेवा हमला
    ...
  • अब नहीं चलेगी नगर निकायों की मनमानी
    ...
  • क्वारंटाइन सेंटर पर ही स्किल्ड कामगारों का बन रहा डाटा बैंक
    ...
  • संयुक्त प्रतियोगिता परीक्षा बोर्ड के निर्णय को कोर्ट ने सही ठहराया
    ...
  • क्वारंटाइन सेंटर में गड़बड़ी की शिकायत मिले तो सूचित करें
    ...
  • विदेश से आएंगे 2075 लोग गया में किए जाएंगे क्वारंटाइन
    ...
  • शंभूगंज में क्वारंटाइन सेंटर में पुलिस ने भांजी लाठी
    ...
  • सीएसपी संचालक से 4.15 लाख की लूट
    ...
  • तीन लाख किसानों के खाते में सौ करोड़ रुपये ट्रांसफर
    ...
  • आरक्षण के सवाल पर साथ आए 22 विधायक
    ...

More from Front Page

  • चार दिन पूर्व यूपी से पहुंचे प्रवासी की नहीं हुई स्वास्थ्य जांच
    ...
  • तू कितनी अच्छी है ..
    ...
  • अल्लाह कोरोना को देश से जल्द भगाए
    ...
  • विश्वव्यापी कोरोना महामारी से निजात के लिए करें दुआ
    ...
  • विवाहिता की हत्या, पति व सास गिरफ्तार
    ...
  • स्कूल में रह रहे प्रवासी कामगारों में व्यवस्था के प्रति आक्रोश
    ...
  • गंडकी की महाआरती, कोरोना के खात्मे का आह्वान
    ...
  • 200 करोड़ की लागत से बनेगा सर्विस रोड, बढ़ेगी सुविधा
    ...
  • लगुनहा में जब्त चावल की जांच करने पहुंचे एएसडीएम
    ...
  • 24 घंटे काम कर रहा कंट्रोल रूम, अबतक 2457 लोगों को किया गया क्वारंटाइन
    ...
  • 73 वीं गंडकी महाआरती कार्यक्रम का किया गया आयोजन
    ...
  • ईद के लिए रखे पैसों से भूखों को खिलाएं खाना
    ...

More from Front Page

  • बुद्ध की जीवनी से सभी को सीख लेने की जरूरत
    ...
  • क्वारंटाइन सेंटर के आसपास शुरू होगा मनरेगा कार्य
    ...
  • पीपा पुल के बह जाने से आवागमन बाधित
    ...
  • स्वछंद वातावरण पाकर विचरण कर रहे वीटीआर के जानवर
    ...
  • मुखिया ने मृतक प्रवासी मजदूर की पत्नी को सहायता राशि दी
    ...
  • प्रवासियों के हंगामा के बाद पहुंचायी गई राहत सामग्री
    ...
  • इस माह के अंत तक पूरा कर लिया जाएगा कटावरोधी कार्य
    ...
  • रामनगर, संवाद सूत्र : जिन विद्यालयों में क्वारंटाइन सेंटर बनाया गया है। उसके इर्द गिर्द मनरेगा के तहत कार्य शुरू होगा। इन कैंपों में रह रहें मजदूरों को अगर इच्छा है तो, इन्हें कार्य मुहैया कराई जाएगी। उक्त बातें शुक्रवार को पंचायत रोजगार सेवकों के साथ बैठक में पीओ शशिकांत श्रीवास्तव ने मनरेगा कार्यालय में कही। कहा कि इसमें पौधारोपण व विद्यालय के चहारदीवारी वाले कार्य होंगे। चल रहें कार्यों के अलावा सभी पंचायतों में जल-जीवल हरियाली योजना से तीन नए कार्यों को शुरू किया जाएगा। जिससे बाहर से लौटकर आए मजदूरों को रोजगार मिल सके। कहा कि जो मजूदर कैंपों से बाहर निकल रहें हैं। उनसे आवश्यक पूछताछ के बाद अगर ये मनरेगा से कार्य करने के इच्छुक हैं तो, इनका जॉबकार्ड बनवाकर इनको रोजागर मुहैया कराया जाए। बैठक के उपरांत सभी पंचायत सेवकों के बीच बाल्टी, मग, साबुन के साथ मास्क का वितरण भी किया गया। जिससे पंचायतों में चल रहें कार्यों के स्थल पर समय समय पर मजूदरों के हाथ धुलवाया जा सके। साथ ही बिना मास्क के काम नहीं कराने की हिदायत भी पीओ ने दी। बैठक में कनीय अभियंता हरिनारायण साहू, पीटीए सुबोध कुमार, ताराकांत कुमार, सुनील कुमार, उपेन्द्र तिवारी, अशोक सहनी, सुदामा राम, शुभा कुमारी, वीरेन्द्र कुमार, मुख्तार आलम, जय प्रकाश मिश्र, अशोक कुमार, विवेक कुमार, अर्चना कुमारी समेत अन्य कर्मी मौजूद थे।मनरेगा से मजदूरों को मिला काम, चेहरे पर खिली मुस्कान : ठकराहा,संवादसूत्र : लॉकडाउन के कारण अपना रोजगार खो चुके मजदूरों के लिए मनरेगा एक संजीवनी के रूप में कार्य करना शुरू कर दिया है। इसके तहत बेरोजगार बैठे मजदूरों को अब रोजगार मुहैया होने लगा है। इसी के तहत ठकराहा प्रखंड के मलाही टोला में एक किसान के निजी खेत मे पोखरे की खुदाई का कार्य शुरू हो गया है। किसान असगर अली ने बताया कि उनके 10 कठ्ठे की जमीन में पोखरे की खुदाई गुरुवार को शुरू की गई। उन्होंने बताया कि खेती के साथ मत्स्य पालन से उनकी आíथक स्थिति बेहतर होगी। उन्होंने पोखरे खुदाई के लिए पीओ मनरेगा श्यामदेव प्रसाद से उन्होंने मुलाकात कर अपनी इच्छा जाहिर की। उन्होंने जल्द कार्य शुरू कराने का आश्वासन दिया था। उन्होंने बताया कि 15 मजदूर कार्य शुरू किए है। जिन्हें शारीरिक दूरी के साथ लगाया गया है। वहीं किसान ने अपनी तरफ से सभी को मास्क का भी वितरण किया। मजदूर सुदामा चौधरी, रामचंद्र चौधरी, दु:खी चौधरी, पप्पू राम, सुग्रीव राम, मन्नू मुखिया, सुमन अली आदि ने बताया कि लॉकडाउन के बाद उनका रोजगार छीन गया था।
    ...
  • थोड़ी कम कमाई होगी, अब घर पर ही मिलेगा सुकून
    ...
  • गेहूं की खरीद नहीं होने से किसान दिख रहे चिंतित
    ...
  • क्वारंटाइन केंद्र में प्रवासियों का पहुंचना जारी
    ...
  • गुजरात और महाराष्ट्र से लौटे प्रवासियों को पहुंचाया गया क्वारंटाइन सेंटर
    ...
  • क्वारंटाइन सेंटर में नहीं हो रहा शारीरिक दूरी का पालन
    ...
  • शारीरिक दूरी का पालन कर किया गया टीकाकरण
    ...
  • अनुदान को भटक रहे किसान कार्यालय में लटक रहा ताला
    ...

More from Front Page

  • वार्ड तीन के बारी टोला में केमिकल का छिड़काव जरूरी है। अन्य वाडरें व मोहल्लों में यह कार्य हुआ है। पर, यह हिस्सा बाकी रह गया है। कोरोना के संक्रमण का खतरा सभी को है। इसलिए सैनिटाइजेशन का कार्य जल्द होना चाहिए। साथ हीं साफ-सफाई भी आवश्यक है। कूड़ों का उठाव समय से हो। इधर मच्छरों का प्रकोप भी बढ़ा है। जिससे फॉ¨गग मशीन का इस्तेमाल भी जरूरी है। इस बाबत मुख्य पार्षद प्रतिनिधि नागेन्द्र साह ने बताया कि सभी गली मोहल्लों में केमिकल का छिड़काव कराया गया है। साफ-सफाई निरंतर हो रही है। अगर यह क्षेत्र बाकी रह गया है तो प्राथमिकता के आधार पर कार्य कराया जाएगा।बबलू कुमार सोनी, बारी टोला वार्ड तीननगर के ठाकुरबारी टोला में लगे स्ट्रीट लाइटें खराब हो गई है। मुश्किल से एक-दो हीं कार्यरत है। जिससे शाम होते हीं अंधेरा छा जाता है। दूसरी समस्या यहां साफ-सफाई को लेकर है। बगल में हीं गंदगी के कारण संक्रमण रोग फैलने का खतरा है। जिससे आम लोग परेशान हैं। हालांकि सफाई व केमिकल का छिड़काव हुआ है। पर, यह नाकाफी दिखता है। उप मुख्य पार्षद प्रतिनिधि अरमान खान ने बताया कि इस मोहल्ले में केमिकल का छिड़काव कराया गया है। सफाई का कार्य भी होता है। एकबार फिर इस क्षेत्र में अभियान चलाया जाएगा। खराब लाइटों को बदलने का काम चल रहा है।राधेश्याम प्रसाद, ठाकुरबारी टोला, वार्ड चार।
    ...
  • नए क्वारंटाइन सेंटर के विरोध में उतरे ग्रामीण
    ...
  • तय समय पर पौष्टिक आहार लेना जरूरी
    ...
  • अखबार से कोरोना संक्रमण का कोई खतरा नहीं: डॉ. सुनील
    ...
  • लॉकडाउन में दी गई ढील का उड़ाया जा रहा माखौल
    ...
  • क्वारंटाइन सेंटर में अभी भी व्यवस्था बहाली की दरकार
    ...
  • आगे जब आएगी बच्चों की बारी, महक उठेगी विद्यालय की यह फुलवारी
    ...
  • होम क्वारंटाइन में थोड़ी सी असावधानी बन सकती बड़ी मुसीबत
    ...

More from Front Page

  • गिनती बढ़ती जा रही दिखे न कोई राह,देखि मौत के आंकड़े मुंह से निकले आह! मुंह से निकले आह नहीं कुछ भी कहि जाए, यह संकट का दौर हमें भगवान बचाए।रहें घरों में लोग यही है सबसे विनती,वरना मुश्किल और होयगी करना गिनती।- ओमप्रकाश तिवारी
    ...
  • जन-जागरणप्रत्यक्ष-अप्रत्यक्ष रूप में मनुष्य अपने को सर्वज्ञानी, सर्वश्रेष्ठ, अपराजित मानने का भ्रम पालने लगता है। जल, वायु, पृथ्वी, आकाश एवं अग्नि को भी अपने निहित स्वार्थ के लिए नहीं छोड़ता। अपनी-अपनी इच्छाओं एवं सामथ्र्य के अनुरूप प्रगति के अंतहीन अंत की ओर निरंतर अग्रसर होने की होड़ में लगा रहता है, परंतु मानव की सब कुछ पा लेने की भूख कभी-कभी किस प्रकार धराशायी होने लगती है, यह हमने आज जाना है।संसार में प्रलय आने में देर नहीं लगती। वह कोरोना के रूप में हो या विश्व युद्ध। हालांकि यह भी सच है कि आज इस वैश्विक मार को सहते हुए इंसानों ने कई सकारात्मक परिवर्तनों को भी अपना लिया है जो उनके जीवन जीने की शैली बनती जा रही है। यदि हम आगे भी इसी जीवनशैली का पालन करते रहे तो जीवन निश्चित रूप से अधिक अर्थपूर्ण होगा। यहां तक कि लॉकडाउन के नियमों का पालन करने के लिए एक नवीन जग-जागरण का उदय हुआ है। आज यह समझ में आया है कि हर समस्या का हल सरकार का उत्तरदायित्व नहीं है। कुछ समस्याओं से पार पाने के लिए एक-एक के योगदान का होना अनिवार्य है। ऐसा जन-जागरण न कभी देखा, न सुना जब संपूर्ण समाज स्वेच्छा से एक ध्येय को लेकर आगे बढ़े। कोरोना से इस जंग में हर व्यक्ति अपने आप में एक योद्धा है। सभी ने अपरिमित संयम, अनुशासन का परिचय दिया है।इतनी बड़ी आपदा ने हमें बहुत कुछ सिखाया है। कहां समय था कि हम नीले आकाश को निहारते, पास के गांव में मोर नाचता है, यह जान पाते। जन-जागरण हुआ अपनी आकांक्षाओं पर नियंत्रण पाने का, प्रदूषण के मूल कारण को पहचानने का। प्रकृति के साथ सीमा से अधिक खिलवाड़ हमारे विनाश का कारण बन सकता है। इस भयावह स्थिति से निकल सामान्य जीवन को पटरी पर लाने के लिए वर्तमान जन-जागरण की ऊर्जा व्यर्थ न जाए, यही संकल्प लिए सुंदर भविष्य की ओर अग्रसर हों।छाया श्रीवास्तव
    ...
  • उज्‍जवल भविष्य की कामनाबना रहे सामूहिकता का भाव शीर्षक लेख में डॉ. विजय अग्रवाल ने कोरोना वायरस तथा उसके प्रभाव स्वरूप उपजाई जा रही नकारात्मक स्थितियों का आकलन किया है। हमें यह समझना होगा कि मनुष्य सामाजिक प्राणी है। समाज का अंत, उपन्यास का अंत, लेखक की मृत्यु, इतिहास का अंत अथवा ईश्वर की मृत्यु जैसी घोषणाएं निराशा से आक्रांत पाश्चात्य जगत में ही अधिक सामने आई हैं। भारतीय चिंतन तो सृष्टि के प्रत्येक जीव में सामूहिकता की भावना मानता है। सामूहिकता केवल एक भाव अथवा आवश्यकता ही नहीं है, यह एक सकारात्मक ऊर्जा है जिसके सहारे मानवता यहां तक पहुंची है। वैदिक चिंतन से अनुप्राणित भारत के प्रत्येक नागरिक के डीएनए में ही सामूहिकता है। यह जीवन की एक संरचना मात्र नहीं है, अपितु अपने आप में जीवन ही है। ऋग्वेद का अंतिम सूक्त सामूहिकता का आह्वान करता है-‘सं गच्छध्वं सं वदध्वं सं वो मनासि जानताम्।’ कोरोना संकट स्थाई नहीं है। मानवता ने ऐसे अनेक संकट देखे हैं, उन पर विजय पाई है। गिरिधर के शब्दों में कहें तो-‘बीती ताहि बिसार दे, आगे की सुधि लेय’ से प्रेरणा लेकर सुखद एवं उच्च्वल भविष्य की कामना करें।-डॉ. वेदप्रकाश, हंसराज कॉलेज, दिल्लीममता बनर्जी की ओछी राजनीतिदेश में हालात कुछ भी हो, लेकिन पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी सरकार अपनी ओछी राजनीति से बाज नहीं आती। बंगाल भी भारत का अंग है, यह शायद ममता को याद ही नहीं रहता। इसी वजह से वह अपनी तानाशाही नीति का प्रयोग करती नजर आती हैं। पार्टी की राजनीति और देशहित का कार्य दोनों अलग-अलग हैं। ममता सरकार केंद्र की भाजपा सरकार का विरोध करे, लेकिन देशहित के कार्य में स्वतंत्र रूप से सहयोग करे। ममता की तानाशाही नीति की वजह से बंगाल विकास के पहिए से ही उतर चुका है। ममता सरकार में बंगाल का हाल पुराने कश्मीर की तरह हो गया है। हर देशहित के कार्य में अड़चन लगाने वाली ममता सरकार ने इस बार पश्चिम बंगाल में भारत-बांग्लादेश सीमा पर कार्गो के आवागमन पर रोक लगा दी है। इससे उन्होंने यह साबित किया है कि उनके विरोध के सामने देशहित कुछ भी नहीं है। -शैलेश रंजन, डुमरा, सीतामढ़ी सकारात्मक बदलावलॉकडाउन की अवधि में भी कुछ सकारात्मक बदलाव हुए हैं। प्रकृति शुद्ध हुई है। परिवार एकजुट हुए हैं। जीवन सादा हो गया है और इस भागदौड़ भरी जिंदगी में थोड़ी स्थिरता सी आ गई है। सबसे बड़ी बात यह कि हमने थोड़ी कमी में भी जीना सीख लिया है। लेकिन, इस लॉकडाउन के कुछ साइड इफेक्ट्स भी हैं। लॉक डाउन की इस लंबी अवधि में आíथक गतिविधियां जैसे रुक सी गई हैं। आय के सभी साधन बंद हैं और हमें जरूरी खर्चो के बारे में भी सोचना पड़ रहा है। पहले से ही आíथक संकट ङोल रहे परिवारों के लिए कोरोना वायरस किसी मुसीबत से कम नहीं है। सभी अपने रोजगार और भविष्य के प्रति चिंतित हैं। इस मुश्किल समय में हमें बजट बनाकर खर्च करने की जरूरत है। हमें अपनी आवश्यकताओं की प्राथमिकता तय करनी होगी। खर्चो पर नियंत्रण रखकर हम फिजूलखर्ची से बच सकते हैं और भविष्य के लिए कुछ बचत भी कर सकते हैं। बच्चों को भी चीजों को संभालकर रखने और बचत करने की आदत डलवानी चाहिए। इससे वे भी जिम्मेदार बनते हैं। -कृतिका श्रीवास्तव, मोतिहारी
    ...
  • भारत को नीचा दिखाने वाला सर्वेक्षण
    ...
  • (6) शनिवार, 9 मई, 2020: ज्येष्ठ कृष्ण 2 वि. 2077
    ...
  • उपेक्षा का दुष्परिणाममहाराष्ट्र के औरंगाबाद में पैदल अपने घर जाने को निकले मजदूरों की मालगाड़ी से कुचल कर मौत मन-मस्तिष्क को झकझोर देने वाला हादसा है। यह हादसा केवल इसलिए नहीं हुआ कि थके-हारे मजदूरों ने रेल पटरियों पर सोने की गलती की, बल्कि इसलिए भी हुआ कि कोई यह देखने-सुनने वाला नहीं था कि आखिर वे पैदल सफर करने को क्यों मजबूर हुए? किसी को उन्हें पैदल जाते देखकर रोकना चाहिए था, लेकिन दुर्भाग्य से ऐसा नहीं हुआ। यह संभव नहीं कि महाराष्ट्र के शासन-प्रशासन के लोगों ने इन अभागे मजदूरों को पैदल जाते देखा न हो। साधनहीन मजदूरों की दीन दशा देखकर भी उनकी अनदेखी करना संवेदनहीनता की पराकाष्ठा है। उन कारणों की तह तक जाने की जरूरत है जिनके चलते श्रमिक स्पेशल ट्रेन चलाए जाने की घोषणा के बाद भी मजदूर पैदल ही अपने गांव-घर के लिए निकल ले रहे हैं। समस्या केवल यह नहीं है कि महाराष्ट्र के विभिन्न शहरों में रह रहे मजदूर ही पैदल अपने गावों के लिए कूच कर रहे हैं, बल्कि यह भी है कि अन्य राज्यों में रह रहे कामगार भी ऐसा करने को मजबूर हैं। कहीं ऐसा तो नहीं कि मजदूरों को उनके गांव पहुंचाने की जो व्यवस्था की गई है उसमें कोई खोट है? आखिर क्या कारण है कि आए दिन ऐसे समाचार आ रहे हैं कि प्रमुख औद्योगिक शहरों में रह रहे मजदूर अपने गांव जाने की मांग को लेकर सड़कों पर निकल आ रहे हैं? इससे संतुष्ट नहीं हुआ जा सकता कि कुछ राज्य बाहरी मजदूरों से रुकने का आग्रह कर रहे हैं। उन्हें यह समझना होगा कि इसके साथ ही यह भी जरूरी है कि उनके खाने-रहने की उचित व्यवस्था की जाए। यह मानने के पर्याप्त कारण हैं कि अनेक स्थानों पर यह व्यवस्था संतोषजनक नहीं। यह आवश्यक ही नहीं, अनिवार्य है कि जिन भी राज्यों से मजदूर पैदल अपने गांव जाने के लिए निकल ले रहे हैं उन्हें जवाबदेह बनाया जाए। आखिर जब देश के कई हिस्सों से ऐसे समाचार आ रहे हैं कि मजदूर कोई साधन-सवारी न मिलने पर पैदल ही रास्ता नाप रहे हैं तब फिर संबंधित राज्य सरकारों को अपने जिला प्रशासन को ऐसे आदेश-निर्देश जारी करने में क्या कठिनाई है कि वे जहां भी पैदल जाते दिखें उन्हें रोककर उचित तरीके से उनके शहर भिजवाने की व्यवस्था की जाए? यह सही है कि अनिश्चित भविष्य को देखते हुए मजदूर अपने गांव-घर जाने को लेकर बेचैन हो रहे हैं, लेकिन इसकी अनदेखी नहीं की जा सकती कि इस बेचैनी की एक वजह उनकी उपेक्षा भी है। यह उपेक्षा यही बताती है कि राज्य सरकारें अपने वायदे पर खरी नहीं उतर पा रही हैं।
    ...
  • क्या मैं अपनी तपिश और बढ़ाऊं तो राहत मिलेगी?
    ...
  • आर्थिक मुख्यधारा का हिस्सा बनें मजदूर
    ...
  • असफलता सफलता की ट्यूशन फीस है
    ...

More from Front Page

More from Front Page

More from Front Page

  • शेयर बाजारों को मिला रिलायंस का दम, लौटी तेजी
    ...
  • डेयरी किसानों के लिए पैकेज पर हो रहा विचार
    ...
  • गिफ्ट सिटी में रुपया-डॉलर का वायदा कारोबार शुरू
    ...
  • जियो प्लेटाफॉर्म्स में 11,367 करोड़ रुपये का एक और बड़ा निवेश
    ...
  • चीन में स्थित अमेरिकी कंपनियों को लुभाने में जुट गया है भारत
    ...
  • नई दिल्ली, एएनआइ : वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने गुजरात के गांधीनगर स्थित गिफ्ट इंटरनेशनल फाइनेंशियल सíवसेज सेंटर में दो अंतरराष्ट्रीय एक्सचेंजों पर रुपया-डॉलर में वायदा कारोबार को हरी झंडी दिखाई। ये दोनों एक्सचेंज बीएसई इंडिया आइएनएक्स व एनएसई-आइएफएससी हैं। एक आधिकारिक बयान में कहा गया है कि पिछले एक दशक के दौरान भारत से संबंधित वित्तीय सेवा कारोबार का एक बड़ा विदेशी बाजारों में चला गया है। इन दोनों एक्सचेंजों पर यह शुरुआत उन्हीं कारोबारों को भारत वापस लाने की दिशा में एक बड़ा कदम है।
    ...
  • सेंसेक्स इंट्रा-डे में 645.13 अंक चढ़ने के बाद बढ़त बरकरार नहीं रख पाया, सबसे ज्यादा 4.81 प्रतिशत की बढ़त एचयूएल के शेयरों में दर्ज
    ...
  • पैकेज के इंतजार में टूट रहा सब्र
    ...
  • पुराना स्टॉक निकालने के लिए ऑफर की भरमार
    ...
  • इकोनॉमी की रिकवरी तय: निर्मला सीतारमण
    ...

More from Front Page

  • द. कोरिया में शुरू हुई फुटबॉल लीग
    ...
  • भारतीय महिला अंडर-17 फुटबॉल टीम की फिटनेस बेहतर : कोच
    ...
  • यहां कोरोना वायरस का पहुंचना मुश्किल ही नहीं नामुमकिन
    ...
  • टैगोर के जन्मदिवस पर ममता बनर्जी के लिखे ‘कोरोना गीत’ गाने के आदेश को लेकर हंगामा
    ...
  • उप्र में 69000 शिक्षक भर्ती की उत्तरकुंजी जारी, रिजल्ट में टालमटोल
    ...
  • मास्क के संपर्क में आते ही वायरस-बैक्टीरिया का हो जाएगा खात्मा
    ...
  • भारतीय टीम के क्वारंटाइन के लिए तैयार बीसीसीआइ
    ...

More from Front Page

  • चीन पर हर्जाने का दावा करने के लिए सुप्रीम कोर्ट में याचिका
    ...
  • हिमाचल में लुभा रही निर्मल नदियों की सुखद कल-कल
    ...
  • आर्थिक संकट के बावजूद समाचार पत्रों की हरसंभव मदद करेंगे: बघेल
    ...
  • प्रसार को रोकने के लिए एसिम्प्टोमैटिक लोगों की होगी जांच
    ...
  • पंजाब में खेतों में जा गिरा मिग-29, पायलट सुरक्षित
    ...
  • कोविड-19 से मुकाबले के लिए दो दवाओं के ट्रायल को मंजूरी
    ...
  • कोरोना को लेकर सर्वे कर रही टीम का रजिस्टर फाड़ा
    ...
  • कोरोना तेरा नाश हो ! तू पंकज को ले गया
    ...
  • कफ्यरू बढ़ाने पर कोटा में भड़के लोग, प्रदर्शन कर थाने को घेरा
    ...
  • वरिष्ठ पत्रकार पंकज कुलश्रेष्ठ का निधन
    ...
  • सुप्रीम कोर्ट ने कहा-31 अगस्त तक आए विवादित ढांचा ध्वंस मामले पर फैसला
    ...
  • एनजीटी ने एलजी पॉलीमर्स पर ठोका 50 करोड़ जुर्माना
    ...

More from Front Page

  • पाकिस्तान ने जब्त की अफगान तालिबान प्रमुख की संपत्ति
    ...
  • किम ने चिन¨फग को कोरोना पर जीत का भेजा बधाई संदेश
    ...
  • स्वच्छता की आदतों से आधा हो सकता है संक्रमण का खतरा
    ...
  • चीन में बेटे ने मां को जिंदा दफनाया, तीन दिन बाद बचाया गया
    ...
  • द. कोरिया में 25 नए मामले सामने आए
    ...
  • अफगानिस्तान के स्वास्थ्य मंत्री कोरोना वायरस की चपेट में
    ...
  • विश्व बैंक ने अपना पहला ऋण फ्रांस को दियावैश्विक वित्तीय संस्था विश्व बैंक ने पहला ऋण 1947 में फ्रांस को दिया। द्वितीय विश्व युद्ध के बाद फ्रांस ने 50 करोड़ डॉलर का कर्ज मांगा था। हालांकि विश्व बैंक ने 25 करोड़ डॉलर का ऋण स्वीकृत किया।
    ...
  • स्पेन में समुद्र तटों पर जाने की मिली इजाजत
    ...
  • चीन से कोई बड़ी गलती हुई या फिर वह अक्षम है: राष्ट्रपति ट्रंप
    ...
  • वैदिक मंत्रों से गूंजा व्हाइट हाउस
    ...
  • कोरोना से फैल रही नफरत की सुनामी पर यूएन ने जताई चिंता
    ...
If text is not readable, Kindly click on download to read newspaper.
If text is not readable, Kindly click on download to read newspaper.
If text is not readable, Kindly click on download to read newspaper.
If text is not readable, Kindly click on download to read newspaper.
If text is not readable, Kindly click on download to read newspaper.
If text is not readable, Kindly click on download to read newspaper.
If text is not readable, Kindly click on download to read newspaper.
If text is not readable, Kindly click on download to read newspaper.
If text is not readable, Kindly click on download to read newspaper.
If text is not readable, Kindly click on download to read newspaper.
If text is not readable, Kindly click on download to read newspaper.
If text is not readable, Kindly click on download to read newspaper.
ePaper Thumbnail